“काश वो रोक लेता मुझे रख कर कोई वादा....”
Source: Wo Lamha
“काश वो रोक लेता मुझे रख कर कोई वादा....”
“उसकी पीठ को देखा तो ध्यान आया उसके चेहरे के कई नक़्श शायद याद ही न हों मुझे”
“मैंने कहा — अगर मैं अपने अश'आर में नहीं तो कहाँ पढ़ोगे मुझ को ।।”
“मेरी भीगी आँखों में वही है जो मुस्कराता है,”