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The Twelfth Preamble: To all the authors to be!

Book by Sandeep Sahajpal · 9 quotes · Life, Society, Social

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The Twelfth Preamble: To all the authors to be! Quotes

“परिवार समाज की, और समाज सभ्यता की पहली इकाई है, और यहाँ से ही संस्कृति पनपती है। अगर परिवार ही बेबुनियाद रिश्तों की भेंट चढ़ गये, तो समाज, सभ्यता और संस्कृति समाप्त।”

“परिवार समाज की, और समाज सभ्यता की पहली ईसाई है, और यहाँ से ही संस्कृति पनपती है। अगर परिवार ही बेबुनियाद रिश्तों की भेंट चढ़ गये, तो समाज, सभ्यता और संस्कृति समाप्त।”