“छुटकू गिलहरी ने देखा कि खेत में रहने वाला इंसान कागज के पुलिंदे में कुछ देख रहा था। छुटकू के मन में कई दिनों से दबी हुई जिज्ञासा उठ खड़ी हुई। वह जानना चाहती थी कि इंसान कागजों में क्या करता है। हर दिन की तरह उस दिन भी वह बहुत समय से कागज़ों में कुछ किए जा रहा था।” ChildrenCuriosityAnimalsChildrens Books Book:चिखुरी Source: चिखुरी
“बचपन की जिज्ञासाओं पर भविष्य की ईमारत बनती है ।” ChildhoodFutureCuriosity Book:कितने मोर्चे Source: कितने मोर्चे